ममता बनर्जी के आगे दूसरे चरण के मतदान में नहीं टिकेगी बीजेपी?समझिए पूरी इनसाइड स्टोरी
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे और आखिरी चरण के लिए चुनाव प्रचार सोमवार शाम छह बजे खत्म हो गया. इस दौरान SIR, घुसपैठ, भ्रष्टाचार और बेरोजगारी जैसे मुद्दों पर जमकर राजनीतिक बहस हुई. भाजपा और टीएमसी दोनों ने 142 चुनाव क्षेत्रों में वोटरों से कई वादे किए. 29 अप्रैल को अंतिम चरण के लिए मतदान होगा. मतदान के मद्देनजर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किये गये हैं.जोरदार चुनावी प्रचार के दौरान भाजपा ने सत्ताधारी टीएमसी पर पश्चिम बंगाल को घुसपैठियों की पनाहगाह बनाने का आरोप लगाया, जबकि ममता बनर्जी ने आरोप लगाया कि बीजेपी बांटने वाली राजनीति कर रही है. राज्य को बांटने की कोशिश कर रही है और मछली और अंडे खाने से रोक रही है.बंगाल चुनाव के दूसरे चरण में कुल 3,21,73,837 वोटर हैं. इनमें 1,64,35,627 पुरुष, 1,57,37,418 महिलाएं और 792 थर्ड-जेंडर वोटर हैं. इस चरण में 41,001 स्टेशनों पर वोटिंग होगी और सभी पोलिंग स्टेशनों पर वेबकास्टिंग की जाएगी.चुनाव आयोग ने सात जिलों में सेंट्रल फोर्स की 2,321 कंपनियों को तैनात करते हुए सुरक्षा के बड़े इंतजाम किए हैं. कुल 142 जनरल ऑब्जर्वर, 95 पुलिस ऑब्जर्वर और 100 खर्च ऑब्जर्वर तैनात किए गए हैं. अधिकारियों ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया पर नजर रखने के लिए कैमरों वाले ड्रोन का भी इस्तेमाल किया जा रहा है. कोलकाता में सेंट्रल फोर्स की 273 कंपनियों के साथ सबसे ज्यादा तैनाती है.इस चरण में जिन सीटों पर चुनाव हो रहे हैं, उनमें भांगड़ में सबसे ज्यादा 19 उम्मीदवार हैं, जबकि गोघाट में सबसे कम पांच उम्मीदवार हैं. इस चरण के मुख्य उम्मीदवारों में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी शामिल हैं, जो भवानीपुर से फिर से चुनाव लड़ रही हैं. इस चरण के सबसे हाई-प्रोफाइल मुकाबलों में से एक में उनका मुकाबला बीजेपी के बड़े नेता सुवेंदु अधिकारी से है.कोलकाता पोर्ट में टीएमसी के वरिष्ठ नेता फिरहाद हकीम का मुकाबला बीजेपी उम्मीदवार राकेश सिंह से है, यह अल्पसंख्यक बहुल सीट सेंट्रल कोलकाता में सत्ताधारी पार्टी के लिए बहुत अहम मानी जा रही है.दूसरी जरूरी सीटों में भाटपाड़ा, जगतदल और बैरकपुर, बनगांव, दमदम, संदेशखली, हिंगलगंज, राणाघाट उत्तर और दक्षिण, रासबिहारी, जादवपुर और बालीगंज शामिल हैं.इस चरण में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और असम के मुख्यमंत्रियों समेत कई बीजेपी नेताओं ने राज्य में प्रचार किया और कानून-व्यवस्था में कथित गिरावट, महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अपराध, राजनीतिक अशांति, घुसपैठ और भ्रष्टाचार को लेकर टीएमसी पर हमला किया.दूसरे चरण से पहले राज्य के अलग-अलग हिस्सों में बड़े पैमाने पर प्रचार करने वाले पीएम मोदी ने मतुआ समुदाय से संपर्क किया और उनसे नागरिकता (संशोधन) अधिनियम (CAA) पर टीए्मसी के “झूठ” से गुमराह न होने की अपील की, और उन्हें भरोसा दिलाया कि सभी शरणार्थियों को देश में स्थायी नागरिकता दी जाएगी.चुनाव प्रचार के आखिरी दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उत्तर 24 परगना के जगतदल में चुनावी रैली को संबोधित किया. यहां पीएम मोदी ने साफ-साफ कहा कि बंगाल की सुरक्षा और विकास अब उनकी जिम्मेदारी है. वो इस जिम्मेदारी से कभी मुंह नहीं मोड़ेगे.

उन्होंने लोगों से कहा कि बंगाल में परिवर्तन पक्का है, अभी मैं जा रहा हूं 4 मई को शपथग्रहण में फिर से आना ही है, जबकि ममता बनर्जी ने आज EVM से छेड़छाड़ का आरोप लगा दिया, उन्होंने कहा, वो EVM में चिप लगा देंगे, वोट करने से पहले मशीन को देख लीजिए.पिछले कुछ दिनों में कई रैलियों को संबोधित करते हुए, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि अगर बीजेपी राज्य में सत्ता में आती है, तो वह मवेशियों की तस्करी को रोकने और कथित “गुंडा राज” और “सिंडिकेट राज” को खत्म करने के लिए एक स्पेशल स्क्वाड बनाएगी.जवाब में टीएमसी नेता और पार्टी सांसद अभिषेक बनर्जी ने आरोप लगाया कि भाजपा अपने वादे पूरे करने में नाकाम रही है, जिसमें “हर बैंक अकाउंट में 15 लाख रुपएऔर सालाना दो करोड़ नौकरियां” शामिल हैं.दूसरी ओर, ममता बनर्जी ने सोमवार को अंतिम दिन अपने चुनावी क्षेत्र भवानीपुर में रोड शो किया. उनके रोड शो में राजद नेता तेजस्वी यादव भी शामिल हुए. टीएमसी सुप्रीमो ममता बनर्जी ने दावा किया कि उनकी पार्टी ने 100 सीटों का आंकड़ा पार कर लिया है और सत्ता में बने रहने का भरोसा जताया.इस चरण में कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भी राज्य में पार्टी उम्मीदवारों के लिए प्रचार किया. पुराने कांग्रेसी अधीर रंजन चौधरी 25 साल के गैप के बाद बहरामपुर सीट से असेंबली इलेक्शन लड़ रहे हैं.पहले चरण के चुनाव में बंगाल में ज्यादा हिंसा तो नहीं हुई, लेकिन दूसरे चरण के प्रचार में माहौल लगातार खराब होता जा रहा है. आरामबाग से तृणमूल कांग्रेस की सांसद मिताली बाग की कार पर हमला किया गया. ये घटना उस दौरान हुई, जब वो चुनाव प्रचार के आखिरी दिन प्रचार में कर रही थीं. उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी के गुंडों ने हमला किया, जिसमें उनकी कार के शीशे टूट गए और कांच के टुकड़े उनके शरीर में चुभ गए.इससे ठीक पहले 25 अप्रैल को बंगाल पुलिस को कोलकाता के उत्तर काशीपुर में 79 देसी बम मिले. ये बम उत्तर काशीपुर में एक कब्रिस्तान के पास रफीकुल इस्लाम के घर पर छिपा कर रखे गए थे. पुलिस को सूचना मिली थी चुनाव के दौरान इनका इस्तेमाल हो सकता है, जिसके बाद मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की गई और बम बरामद किए गए.कल उत्तरी 24 परगना जिले के जगतदल इलाके में बीजेपी नेता पीएम मोदी के पोस्टर्स लगा रहे थे, इस बात TMC और बीजेपी समर्थकों के बीच झड़प हो गई, जिसके बाद जगदल विधानसभा क्षेत्र से बीजेपी उम्मीदवार राजेश सिंह ने देर रात जगतदल पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई, लेकिन इस शिकायत को दर्ज कराने के थोड़ी देर बाद ही थाने में ही दोनों दलों के समर्थक फिर भिड़ गए। कई लोगों के घायल होने की भी बात कही जा रही है, चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है.इसी तरह बंगाल के गोघाट विधानसभा क्षेत्र में भी हंगामा हुआ. यहां BJP-TMC समर्थकों के बीच हिंसक झड़प हुई. हिंसक झड़प में कई कार और बाइक को नुकसान पहुंचा. भीड़ पर काबू पाने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा. बीजेपी का आरोप है कि पुलिस की मौजूदगी में मारपीट की गई.
