बांकीपुर विधानसभा सीट से कैसे जीत हासिल करेंगे प्रशांत किशोर?भाजपा के सामने कहीं हो न जाएं ध्वस्त!
बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) और महागठबंधन ने अभी तक अपने उम्मीदवारों की घोषणा नहीं की है। इस बीच जन सुराज पार्टी ने अपने प्रत्याशी के नाम का ऐलान कर दिया है। जन सुराज ने प्रशांत कुमार को बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के लिए अपना उम्मीदवार घोषित किया है। इससे पहले पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मनोज भारती उम्मीदवार के नाम को लेकर स्पष्ट संकेत दे चुके थे। पिछले कुछ दिनों से पार्टी का शीर्ष नेतृत्व उपचुनाव की रणनीति को लेकर लगातार बैठकें कर रहा था।प्रशांत किशोर ने कहा कि मैं पार्टी कार्यकर्ता वरिष्ठ नेता और बिहार की जनता को आभार व्यक्त करता हूं कि उन्होंने इतनी बड़ी जिम्मेदारी मेरे कंधे पर रखी है। बांकीपुर में चुनाव लड़ने की जो जिम्मेदारी मुझे दी गई है, उसे मैं पूरी तरह से निभाऊंगा। अगले 5 वर्षों में बिहार में जब तक परिवर्तन नहीं आता तब तक मैं संघर्ष करता रहूंगा। प्रशांत किशोर ने कहा कि नवंबर 2025 में जिन मतदाताओं ने जनसुराज की वोट दिया, उन सबको मैं धन्यवाद देता हूं। बांकीपुर की जनता से मैं वादा करता हूं कि मैं पूरी ईमानदारी के साथ काम करूंगा।

मैं आपको अस्वस्थ करता हूं कि अगर आप अपना जनप्रतिनिधि बनाकर जनसुराज के प्रतिनिधि को भेजते हैं तो वह 242 विधायकों पर भारी पड़ेगा। इस दौरान प्रशांत किशोर ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पर भी हमला बोला उन्होंने कहा कि वह पिछले दरवाजे से मुख्यमंत्री बने हैं। वह एक सिलेक्टेड मुख्यमंत्री है। उनका भी चाल चरित्र और चेहरा जल्द ही सामने आ जाएगा।प्रशांत किशोर ने कहा कि मैं बेहतर हूं या खराब हूं यह तय जनता को करना है। बांकीपुर की जनता से मैं अपील करता हूं कि आप केवल एक ईमानदार और अच्छे प्रत्याशी को अपना नेता चुनें। इस सीट से बिहार की सरकार नहीं बदलेगी। बल्कि बिहार की राजनीति बदलेगी। यह बिहार को एक नया विकल्प देने का चुनाव। बांकीपुर के चार लाख मतदाताओं से मैं समर्थन मांग रहा हूं।राजनीतिक जानकारों का मानना है कि लंबे समय से इस सीट पर भाजपा का कब्जा रहा है। यहां पर कायस्थ वोटर हमेशा से निर्णायक भूमिका में रहते हैं। ऐसे में अगर ब्राह्मण जाति से आने वाले प्रशांत किशोर अगर चुनावी मैदान में उतरते हैं और भाजपा किसी कायस्थ चेहरे को मैदान में उतारे तो प्रशांत किशोर के लिए यहां जीत हासिल करना काफी मुश्किल होगा। भाजपा के पास बांकीपुर सीट का करीब 63 फीसदी वोट शेयर है। और, प्रशांत किशोर के पास करीब पांच फीसदी। यह अंतर काफी बड़ा है। 30 जुलाई को चुनाव होना है कि ऐसे में प्रशांत किशोर के लिए वोट शेयर बढ़ाना काफी चुनौती भरा काम होगा।
