NDA को हो गया है लालू फोबिया! लालू परिवार की जमीन जांच की मांग पर भड़की राजद
बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू यादव और राबड़ी देवी का सरकारी आवास छूट रहा है. इस बीच उनका एक आवास राजधानी पटना स्थित महुआबाग में बन रहा है. इस बीच भारतीय जनता पार्टी ने दावा किया है कि महुआ बाग वाला घर जिस जमीन पर बन रहा है वो घोटाले में हासिल की गई है.BJP राष्ट्रीय प्रवक्ता गुरु प्रकाश पासवान ने कहा कि लालू के कौटिल्य नगर, महुआबाग में बन रहे आलीशान बंगले की जमीन की जांच हो.उन्होंने कहा कि राजद वाले, लालू परिवार सुबह से रात तक गरीब गुरबों की बात करते हैं लेकिन लालू परिवार जमीन पर जमीन ले रहा है. बंगले पर बगलें बना रहा है. जमीनें किसकी हैं? लालू परिवार के पास कैसे आया? क्या लैंड फॉर जॉब स्कैम की जमीन है? इसकी जांच होनी चाहिए. बिहार की जनता को यह जानने का हक है. अगर दस्तावेज है जमीनों का तो उसको लालू परिवार सार्वजनिक करें.

उन्होंने कहा कि 10 सर्कुलर रोड राबड़ी आवास लालू परिवार ने खाली नहीं किया जबकि उनको39 हार्डिंग रोड आवास आवंटित हुआ क्योंकि राबड़ी देवी विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष हैं. नियम कानून से ऊपर यह लोग नहीं है. जल्द खाली करें.इससे पहले 10 सर्कुलर रोड स्थित सरकारी आवास खाली करने को लेकर जदयू ने सवाल उठाए थे. जदयू के प्रवक्ता नीरज कुमार ने इसे लेकर भवन निर्माण विभाग के मंत्री को एक पत्र भी लिखा, जिसमें कई सवाल पूछे गए हैं और कई आशंकाओं को लेकर आगाह किया है.जदयू प्रवक्ता नीरज कुमार ने पत्र में कहा कि मीडिया स्रोतों से प्राप्त जानकारी के अनुसार उक्त सरकारी आवास को राबड़ी देवी एवं उनके परिवार की अनुपस्थिति में खाली किया जा रहा है. मीडिया में यह भी प्रकाशित, प्रसारित हुआ है कि रात्रि के समय पिकअप वैन के माध्यम से उक्त आवास परिसर से गमले एवं पौधे बाहर ले जाए गए हैं. ऐसे में विभाग यह साफ करे कि आवास परिसर में लगे गमले एवं पौधे उद्यान विभाग की संपत्ति हैं अथवा निजी. जेडीयू की इस मांग पर राष्ट्रीय जनता दल ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है. आरजेडी के प्रवक्ता मृत्युंजय तिवारी ने बयान देते हुए कहा, “RJD-लालू परिवार फोबिया से जदयू BJP ग्रसित है. चुनाव से पहले किए गए वादों को पूरा नहीं सरकार कर पा रही है. इसलिए अब जमीन की जांच की माँग उठ रही है ताकि मुद्दों से ध्यान भटकाया जा सके. पटना से दिल्ली तक तो आप लोगों की सरकार है किससे जांच की मांग कर रहे हैं.”जेडीयू के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार ने इस पूरे मामले में डिप्टी सीएम विजय सिन्हा से तत्काल कदम उठाने की अपील की है. नीरज कुमार का कहना है कि विजय सिन्हा के विभाग की कमान संभालने के बाद भू-माफिया, जमीन दलालों और उनसे सांठगांठ रखने वाले अधिकारियों के खिलाफ आक्रामक अभियान चलाया जा रहा है. ऐसे में किसी भी तरह के आरोपों या संपत्तियों की निष्पक्ष जांच से पीछे नहीं हटना चाहिए.आरजेडी का आरोप है कि जेडीयू और BJP जनता से जुड़े असली मुद्दों से ध्यान हटाने के लिए इस तरह के बयान दे रहे हैं. पार्टी का कहना है कि महंगाई, रोजगार और विकास जैसे सवालों पर सरकार चुप है, इसलिए अब जांच की मांगों को हवा दी जा रही है।वहीं जेडीयू का दावा है कि कानून का राज कायम करने के लिए किसी भी स्तर पर कार्रवाई जरूरी है. साफ है कि जैसे-जैसे चुनावी माहौल गर्म हो रहा है, वैसे-वैसे बिहार की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप और तेज होंगे।
