हलफनामे से खुली प्रशांत की पोल,सभी प्रत्याशियों पर पड़े भारी

 हलफनामे से खुली प्रशांत की पोल,सभी प्रत्याशियों पर पड़े भारी
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पटना के बांकीपुर विधानसभा सीट पर हो रहे उपचुनाव के लिए सोमवार को भाजपा प्रत्याशी नीरज कुमार सिन्हा और जन सुराज के उम्मीदवार प्रशांत किशोर ने नामांकन दर्ज कराया।राजद की रेखा गुप्ता और तेजप्रताप यादव की पार्टी जनशक्ति जनता दल की कैंडिडेट वीणा मानवी ने भी नामांकन कराया है। चारों प्रत्याशियों में सबसे अमीर प्रशांत किशोर हैं। उनके पास भाजपा के नीरज सिन्हा (संपत्ति 20.28 लाख) से करीब 950 गुना ज्यादा संपत्ति है।197.99 करोड़ रुपए की संपत्ति के मालिक पीके के पास कार नहीं है। उन पर 8 आपराधिक मामले दर्ज हैं। राजद की रेखा गुप्ता के पास 90 हजार रुपए की राइफल है।प्रशांत किशोर के खिलाफ 8 केस दर्ज हैं। इन पर दंगा कराने, सरकारी सेवक को काम करने से रोकने, आपराधिक साजिश रचने और आपराधिक मानहानि जैसे गंभीर आरोप लगे हैं।प्रशांत किशोर के पास कुल 197.99 करोड़ रुपए की संपत्ति है। इनके नाम पर 22.19 करोड़ की चल और 73.87 करोड़ रुपए की अचल संपत्ति है। पीके की पत्नी जाह्नवी दास के पास 89.51 करोड़ रुपए की चल और 12.42 करोड़ रुपए की अचल संपत्ति है।हलफनामे के अनुसार पीके के पास कृषि भूमि नहीं है। 3 एकड़ 21 डिसमिल गैर-कृषि भूमि है। इन्होंने रोहतास जिले में राइस मिल से जुड़ी यह जमीन 2014 में खरीदी थी। इसकी मौजूदा कीमत 9 करोड़ 75 लाख रुपए है।

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पीके ने 2014 के बाद 49.50 करोड़ रुपए की अचल संपत्ति बनाई है। उनकी फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) करीब 7 करोड़ 36 लाख रुपए है, जबकि इनकी पत्नी के नाम करीब 67 लाख रुपए की जमा राशि है।प्रशांत किशोर की आवासीय संपत्तियों में पटना के न्यू पाटलिपुत्र कॉलोनी में प्लॉट, दिल्ली के वसंत विहार में मकान, गाजियाबाद के इंदिरापुरम और वसुंधरा में फ्लैट, बक्सर में आवासीय जमीन और रोहतास के कोनार गांव में आवास शामिल हैं। वहीं, पत्नी के नाम असम के गुवाहाटी में आवासीय जमीन, फ्लैट और नोएडा में संपत्ति दर्ज है।Vedhas Ventures Private Limited नाम की कंपनी की 100% कंट्रोलिंग हिस्सेदारी प्रशांत किशोर के पास है। इस कंपनी ने 2024-25 में जन सुराज पार्टी को 85 करोड़ रुपए और जन सुराज फाउंडेशन को 50 लाख रुपए का दान दिया है। 2023-24 में जॉय ऑफ गिविंग ग्लोबल फाउंडेशन को 2.75 करोड़ रुपए का दान दिया था।भाजपा के नीरज कुमार सिन्हा की उम्र 32 साल है। इनके खिलाफ एक भी केस दर्ज नहीं है। वह 8 लाख रुपए की अचल संपत्ति के मालिक हैं।बांकीपुर सीट भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की रही है। इसके चलते यहां पार्टी के लिए प्रतिष्ठा की लड़ाई है। भाजपा ने पहले अभिषेक कुमार सिन्हा उर्फ बंटी को टिकट दिया था।अभिषेक के माता-पिता के चारा घोटाला से जुड़े होने और सर्टिफिकेट से जुड़े मामले के चलते भाजपा ने टिकट वापस ले लिया था। इसके बाद नीरज को मौका मिला है। सामान्य परिवार से आने वाले नीरज पार्टी के जमीनी कार्यकर्ता हैं। उनका परिवार संघ से जुड़ा रहा है।राजद उम्मीदवार रेखा गुप्ता करोड़पति हैं। उनके पास करीब 8 करोड़ रुपए की संपत्ति है। संपत्ति विवाद के जुड़ा एक FIR उनके खिलाफ किया गया है। रेखा पर लगभग 3.16 करोड़ रुपए की देनदारी है।रेखा ने खुद को व्यवसाय से जुड़ा बताया है। वह ग्रेजुएट हैं। विनोबा भावे विश्वविद्यालय, हजारीबाग से 2000 में बीए की डिग्री हासिल की है। उनके पास करीब 500 ग्राम सोना और 1.5 किलो चांदी है।तेजप्रताप यादव की पार्टी जनशक्ति जनता दल की उम्मीदवार वीणा मानवी ने सोमवार को नामांकन दाखिल किया। नामांकन के बाद जैसे ही वह बाहर निकलीं, पुलिस गिरफ्तार करने पहुंच गई।पुलिस को देखते ही वीणा मानवी भागने लगीं। इस दौरान पटना DM कार्यालय के बाहर कुछ देर तक हंगामा हुआ। हालांकि, कुछ देर बाद पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। इस दौरान JJD की प्रत्याशी चिल्लाती और रोती रहीं। वह लगातार गेट पीटती रहीं, लेकिन पुलिस उन्हें गाड़ी में बैठाकर गांधी मैदान थाने ले गई।हलफनामे के अनुसार वीणा के पास 2.37 करोड़ रुपए की संपत्ति है। वह 2 करोड़ रुपए की अचल और 37.69 लाख रुपए की चल संपत्ति की मालकिन हैं। इनके खिलाफ धोखाधड़ी और आपराधिक साजिश जैसे आरोप में तीन केस दर्ज हैं।बांकीपुर उपचुनाव में 3,79,402 मतदाता उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला करेंगे। इनमें पुरुष 2 लाख 589 और महिला 1 लाख 78 हजार 794 हैं। थर्ड जेंडर मतदाताओं की संख्या 19 है।निर्वाचन आयोग के मुताबिक बांकीपुर सीट पर मेल और फीमेल वोटर्स के बीच 6 फीसदी का गैप है। पुरुष मतदाताओं की हिस्सेदारी करीब 53 प्रतिशत और महिला मतदाताओं की हिस्सेदारी करीब 47 प्रतिशत है।बांकीपुर सीट भाजपा के लिए केवल एक विधानसभा सीट नहीं बल्कि शहरी क्षेत्र में अपनी पकड़ बनाए रखने की चुनौती है। उम्मीदवार बदलने के बाद पार्टी को कार्यकर्ताओं और मतदाताओं के बीच बेहतर तालमेल बनाना होगा। प्रशांत किशोर ने मैदान में उतकर लड़ाई कठिन कर दी है।जन सुराज के संयोजक प्रशांत पहली बार चुनाव लड़ रहे हैं। उनके लिए यह चुनाव संगठन की वास्तविक ताकत दिखाने का अवसर है। यदि पार्टी मजबूत प्रदर्शन करती है तो बिहार की राजनीति में उसकी भूमिका बढ़ सकती है।राजद इस चुनाव को शहरी इलाके में अपनी मौजूदगी मजबूत करने के अवसर के रूप में देख रहा है।बांकीपुर सीट से तेजप्रताप की पार्टी वीणा मानवी चुनावी दंगल में हैं। चुनावी मैदान में आने से उन्हें बड़ी पहचान मिल रही है। लोग उनके नाम की चर्चा कर रहे हैं।

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