पिछले 10 सालों में सऊदी अरब पर सबसे बड़ा हमला,जान बचाने को मजबूर हुए क्राउन प्रिंस?
हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब के किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट को निशाना बनाया तो पूरे मिडिल-ईस्ट में हड़कंप मच गया. इन हमलों की वजह से सऊदी अरब के आसमान में इमरजेंसी लागू है. हैरानी की बात ये है कि सऊदी अरब में मौजूद अमेरिका के एयर डिफेंस सिस्टम हूती के हमलों को रोक नहीं पाए. इस बीच सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस शेख खालिद बिन मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान सार्वजनिक रूप से दिखाई नहीं दिए हैं.

खबर है कि उनकी सुरक्षा और कड़ी कर दी गई है. उनके ठिकाने लगातार बदले जा रहे हैं.क्राउन प्रिंस आखिरी बार पिछले मंगलवार को एक राष्ट्रीय डोनेशन कैंपेन के तहत ब्लड डोनेट करते हुए दिखाई दिए थे. इसके बाद से वे लोगों के बीच नहीं आए हैं. ‘वॉल स्ट्रीट जर्नल’ की रिपोर्ट के मुताबिक, उनके आने-जाने की जानकारी रखने वाले अधिकारियों ने बताया है कि उन्हें ऐसे महलों के बीच ले जाया जा रहा है जहां कड़ी सुरक्षा है और बंकर बने हुए हैं. एक खास सुरक्षा टीम भी उनकी सुरक्षा में तैनात है क्योंकि सऊदी अरब और यमन के हूती विद्रोहियों के बीच लड़ाई तेज हो गई है और सुरक्षा का खतरा भी बढ़ रहा है.‘वॉल स्ट्रीट जर्नल’ की रिपोर्ट के मुताबिक, एयरपोर्ट पर हुए हमले की जानकारी रखने वाले अधिकारियों ने बताया कि अमेरिका या उसके खाड़ी सहयोगियों पर हुआ यह अब तक का सबसे घातक हमला था. उन्होंने बताया कि मिस्र की एक 28 वर्षीय फ्लाइट अटेंडेंट की मौत खून बहने से हो गई क्योंकि उसका हाथ कटकर अलग हो गया था. वह उन कई पीड़ितों में से एक थी जिनके अंग कट गए थे. वीकेंड पर हुए मिसाइल हमले के बाद से किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट बंद है. पिछले पांच दिनों में इस पर चार बार हमला हो चुका है।सऊदी अरब पर शनिवार को पिछले दस सालों का सबसे भयानक हमला हुआ. राजधानी के इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर एक हूती मिसाइल गिरी. इसमें कम से कम 13 लोगों की मौत हो गई और कम से कम 300 लोग घायल हुए, जिनमें से कई गंभीर रूप से घायल हैं।हूती रियाद एयरपोर्ट पर पिछले 6 दिनों तक लगातार हमले कर रहा है, लेकिन अब उसके हमले न सिर्फ तेज हो गए हैं बल्कि सफल भी हो रहे हैं. सऊदी अरब हूती की मिसाइलों और ड्रोन को रोक नहीं पा रहा है. 7 अक्टूबर को हूती ने रियाद एयरपोर्ट पर हमला किया. इसमें 3 लोगों की जान गई. 8 अक्टूबर के हमले में भी 3 लोग मारे गए और कई लोग घायल हो गए. हूती ने रियाद एयरपोर्ट पर 10 अक्टूबर को सबसे बड़ा हमला किया. मिसाइल विस्फोट की वजह से 12 लोगों की जान गई. 309 लोग जख्मी हो गए. इसके अगले दिन यानी 11 अक्टूबर को हूती ने रियाद एयरपोर्ट पर फिर से धमाका किया. इस हमले में 1 शख्स की मौत हुई. 11 लोग घायल हो गए… यानी इन चार हमलों में अब तक 19 लोगों की जान जा चुकी है और साढ़े करीब 350 लोग घायल हैं. ऐसे में मृतकों की संख्या बढ़ सकती है.हूती के हमलों की वजह से न सिर्फ रियाद एयरपोर्ट पर बल्कि उड़ानों पर भी खतरा पैदा हो गया है. एयरपोर्ट पूरी तरह से बंद है. 362 फ्लाइट्स रद्द हो गई हैं. तमाम देशों ने सऊदी अरब में अपनी उड़ानों को भेजना बंद कर दिया है. हूती सिर्फ रियाद एयरपोर्ट को ही टारगेट नहीं कर रहा है, बल्कि सऊदी अरब के दूसरे एयरपोर्ट और शहरों पर हमले कर रहा है. उन्होंने दम्माम में मौजूद किंग फहद एयरपोर्ट के पास भी कई धमाके किए. उनके ड्रोन और मिसाइलों की वजह से अबहा और खमीस मुशैत शहर में भी तबाही मची है. हैरानी की बात ये है कि सऊदी हूती की मिसाइल और ड्रोन हमलों को रोक नहीं पा रहा है।
