धर्म परिवर्तन को लेकर बनाए जाएं कड़े कानून,बिहार विधानसभा में उठी मांग
धर्म परिवर्तन को लेकर कड़े कानून बनाने का सवाल आज विधान सभा में उठा. ध्यानकर्षण के माध्यम से सत्ता पक्ष के कई सदस्यों ने इस सवाल को उठाया है. जब बीजेपी सदस्य इस मामले में फिर से हंगामा करने लगे तो विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि, मैंने नियमन दे दिया हैं, सरकार समीक्षा करेगी और जरूरत पड़ेगा तो कानून बनाएगी. अब इस पर चर्चा नहीं होगी.मुरारी प्रसाद गौतम ने रोहतास के चौरासन में रोपवे ट्रायल के दौरान ध्वस्त होने के मामले में दोषियों पर कार्रवाई का मामला उठाया. मंत्री अरुण शंकर प्रसाद ने जवाब देते हुए कहा कि इस घटना के बाद जिस कंपनी ने निर्माण किया था उसे ब्लैकलिस्टेड कर दिया गया है. और साथ ही इंजीनियरों पर भी कार्रवाई की गई है. आईआईटी पटना से इस मामले की जांच कराई जा रही है. साथ ही उन्होंने कहा कि इसका 6 महीने में निर्माण कराया जाएगा.डाउन सिंड्रोम पर स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडे ने कहा, प्रत्येक 880- 1000 जीवित जन्मे बच्चों में से एक बच्चे में डाउन सिंड्रोम होने की संभावना होती है।

डाउन सिंड्रोम के साथ जन्मे बच्चों में मानसिक विकास देरी के साथ-साथ शारीरिक विकास भी धीमा होता है. ऐसी अवस्था में स्पीच थेरेपी, स्पेशल एजुकेशन आदि की सुविधा प्रदान कर उनके जीवन को बेहतर बनाया जा सकता है. राज्य के 9 प्रमंडलीय जिले पटना, मुजफ्फरपुर, सहरसा, गया, मुंगेर, सारण, पूर्णिया, दरभंगा और भागलपुर में जिला अर्ली इंटरवेंशन सेंटर क्रियाशील है. जहां ऐसे बच्चों को मेडिकल सर्विसेज, डेंटल सर्विसेज, ऑक्यूपेशनल थेरेपी, फिजियोथैरेपी स्पीच, थेरेपी ऑडियोलॉजी विजुअल इंपेयरमेंट और काउंसलिंग आदि किया जाता है. इस प्रकार की सुविधा एवं जांच हेतु विस्तृत कार्य योजना बनाकर कार्रवाई की जाएगी. मंगल पांडे ने कहा कि पहले तो काउंसलिंग की भी सुविधा नहीं थी. स्वास्थ्य मंत्री ने आरजेडी विधायक से यह भी कहा कि यदि आपके पास कोई और जानकारी है तो उसे उपलब्ध करा सकते हैं।
