फारूक अब्दुल्ला का गुस्सा आया सामने,बोले-देश में बढ़ती नफरत के लिए नहीं है कोई जगह!

 फारूक अब्दुल्ला का गुस्सा आया सामने,बोले-देश में बढ़ती नफरत के लिए नहीं है कोई जगह!
Sharing Is Caring:

एक शादी समारोह के दौरान बुधवार की रात हुए जानलेवा हमले में बाल-बाल बचने के बाद, पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कॉन्फ्रेंस (NC) के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला ने इसे देश में बढ़ती नफरत और प्यार में विश्वास रखने वाले लोगों के लिए सिमटती जगह का नतीजा बताया है. गुरुवार 12 मार्च को उन्होंने यह बात अपने भठिंडी स्थित आवास पर पत्रकारों से बात करते हुए कहीं.उन्होंने कहा कि विवाह स्थल पर कई महत्वपूर्ण हस्तियां मौजूद थीं और पुलिस को उनकी सुरक्षा का ध्यान रखना चाहिए था. नेशनल कॉन्फ्रेंस के दिग्गज नेता ने कहा, “वहां पुलिस की मौजूदगी बिल्कुल नहीं थी, जबकि पुलिस को वहां होना चाहिए था. हम जिस माहौल में रह रहे हैं, वहां ऐसे (खतरनाक) लोग मौजूद हैं, इसलिए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम होने चाहिए थे.”

1000697115

अब्दुल्ला ने अपने जीवित रहने का श्रेय अपने व्यक्तिगत सुरक्षा कर्मियों और साथ मौजूद NSG गार्ड्स को दिया, जिन्होंने हमलावरों को दबोच लिया था. पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा, “जब उसने गोली चलाई, तो ऐसा लगा जैसे कोई पटाखे फोड़ रहा हो और मुझे अपनी गर्दन के पास कुछ गर्माहट महसूस हुई. गाड़ी में बैठने के बाद ही मेरे सुरक्षाकर्मियों ने मुझे बताया कि किसी ने पिस्तौल से मुझ पर हमला किया था, लेकिन मेरी सुरक्षा टीम के प्रयासों से मैं बाल-बाल बच गया. मेरे पास उन्हें धन्यवाद देने के लिए शब्द नहीं हैं, क्योंकि उन्होंने मुझे सुरक्षा देने के लिए अपनी जान जोखिम में डाल दी.”नेशनल कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष ने दावा किया कि वे हमलावर को बिल्कुल नहीं जानते और न ही उस पर गोली चलाने के पीछे का मकसद जानते हैं. फारूक अब्दुल्ला ने कहा, “देश की जड़ों में नफरत घर कर गई है और प्यार और दोस्ती की बात करने वालों के लिए जगह कम हो गई है. जो लोग दावा करते हैं कि देश में सब कुछ ठीक है, मैं केंद्र और राज्य के एलजी (LG) दोनों से अनुरोध करूंगा कि वे देखें कि क्या वाकई स्थिति में सुधार हुआ है.”उन्होंने आगे कहा कि भारत एक धर्मनिरपेक्ष राष्ट्र है जहां सबकी आवाज़ सुनी जाती थी, लेकिन अब चीजें बहुत बिगड़ गई हैं. अपनी सुरक्षा व्यवस्था में कटौती को इस हमले की वजह बताने पर टिप्पणी करते हुए नेशनल कॉन्फ्रेंस अध्यक्ष ने कहा, “चाहे आप कितनी भी सुरक्षा बढ़ा लें, हमलावर के पास हमेशा यह फायदा होता है कि उसे पता होता है कि उसे आपको कहां और कैसे निशाना बनाना है.”कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के इस दावे पर कि यह घटना ‘पूर्ण राज्य का दर्जा’ न होने के कारण हुई, उन्होंने कहा, “यहां हमारे पास एक निर्वाचित सरकार तो है, लेकिन उसके पास बिल्कुल भी शक्तियां नहीं हैं. चुनाव के दौरान हमसे वादा किया गया था कि राज्य का दर्जा वापस कर दिया जाएगा, लेकिन काफी समय बीत जाने के बाद भी इसे वापस नहीं दिया गया. यहां तक कि संसद और सुप्रीम कोर्ट में भी राज्य का दर्जा लौटाने की प्रतिबद्धता जताई गई थी, लेकिन अब तक कुछ नहीं किया गया है.”

Comments
Sharing Is Caring:

Related post