आज से शुरू हुआ बिहार का बजट सत्र,इन मुद्दों पर हंगामे के बढ़े आसार
बिहार विधानमंडल का बजट सत्र आज से शुरू हो रहा है और यह 27 फरवरी तक चलेगा. पहले दिन राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान का अभिभाषण होगा और आर्थिक सर्वेक्षण रिपोर्ट पेश होगा. वहीं, 3 फरवरी को वित्त मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव वित्तीय वर्ष 2026- 27 का बजट पेश करेंगे. विभागीय बजट के साथ कई विधेयक पर चर्चा के बाद सरकार उसे सदन से स्वीकृत कराने की कोशिश की जाएगी.19 दिनों में सरकार की ओर से बजट के साथ तृतीय अनुपूरक बजट भी लाया जाएगा और अनुदान मांगों पर भी चर्चा होगी. राजकीय विधायक भी लाया जाएगा. पहले दिन छोड़कर 18 दिन प्रश्न काल, ध्यानकर्षण भी होंगे. इसमें सरकार को सदस्यों के प्रश्नों का उत्तर देना होगा।तरह देखें तो बजट पर दो दिन चर्चा होगी. राजकीय विधायक के लिए 2 दिन समय दिया गया है और गैर सरकारी संकल्प के लिए भी दो दिन समय रखा गया है.

विभिन्न विभागों के बजट पर चर्चा के लिए 9 दिन रखा गया है. ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार ने कहा कि हमारी सरकार बजट सत्र को लेकर पूरी तरह से तैयार है.बिहार विधानसभा में एनडीए संख्या बल के हिसाब से बहुत मजबूत स्थिति में है वहीं विपक्ष काफी कमजोर दिख रहा है. जहां एनडीए के पास 202 विधायकों की संख्या है तो विपक्ष में महागठबंधन के पास 35 और एआइएमआइएम के पास पांच और बसपा के एक विधायक हैं. विपक्ष के सभी सदस्यों की संख्या जोड़ दें तो 41 पहुंचता है.विधानसभा के बजट सत्र में संख्या बल के हिसाब से काफी मजबूत है लेकिन कई ऐसे मुद्दे हैं, जिस पर विपक्ष सरकार की मुश्किलें बढ़ा सकता है. चाहे नीट छात्र की मौत का मामला हो या फिर किसानों के रजिस्ट्रेशन करने का मामला हो. ऐसे कई मुद्दे हैं, जिस पर सरकार को विपक्ष घेर सकता है. हालांकि विपक्ष के लिए भी खासकर महागठबंधन को एकजुट बनाए रखने की बड़ी चुनौती होगी।
